दो चर्चित पत्नियों का पत्ता टिकट लिस्ट से साफ, पतियों के नाम पर बनी सहमति

अमेठी सीट पर गरिमा सिंह का टिकट कटा, संजय सिंह के नाम पर बनी सहमति

पत्नी का पत्ता कटवाकर दयाशंकर ने बलिया से झटकी टिकट

नीरज शर्मा
ब्यूरो रिपोर्ट

लखनऊ। भारतीय जनता पार्टी ने उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव के मद्देनजर नए उम्मीदवारों की जो सूची जारी की है उसमें अमेठी में पूर्व सांसद संजय सिंह को मौका दिया है वहीं बलिया में पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष दयाशंकर सिंह को उम्मीदवार बनाया है। वहीं इस बार के चुनाव में दो चर्चित पत्नियों का टिकट कट गया है। लखनऊ के सरोजनी नगर सीट से टिकट पर दावेदारी जता रहे पति दयाशंकर पत्नी स्वाति सिंह में से किसी को टिकट नहीं मिल पाया लेकिन दयाशंकर बलिया से उम्मीदवारी पाने में जरूर सफल हो गए। वहीं अमेठी सीट से गरिमा सिंह और अमिता सिंह के बीच टिकट दावेदारी के मद्देनजर बीजेपी ने पति संजय सिंह को ही टिकट थमा दिया।

अमेठी से संजय सिंह को मौका दिया गया है। सीट से पिछली बार भाजपा से संजय सिंह की पहली पत्नी गरिमा सिंह ने चुनाव जीता था लेकिन इस बार पार्टी ने उन्हें मौका नहीं दिया। पूर्ववर्ती अमेठी रियासत के प्रमुख संजय सिंह ने जुलाई 2019 में कांग्रेस और राज्यसभा की सदस्यता से इस्तीफा देकर भाजपा का दामन थाम लिया था। उनके नजदीकी लोगों के मुताबिक संजय सिंह अमेठी विधानसभा से अपनी पत्नी अमीता सिंह को भाजपा का टिकट दिलाने के लिए प्रयासरत थे जबकि गरिमा सिंह अपना टिकट बचाने का जद्दोजहद कर रही थीं। अमेठी में महाराज नाम से संबोधित किये जाने वाले डॉक्टर संजय सिंह ने गरिमा सिंह को तलाक देकर 1995 में अमीता सिंह के साथ शादी कर ली थी। राष्‍ट्रीय स्‍तर की बैडमिंटन खिलाड़ी रहीं अमीता ने 1984 में राष्‍ट्रीय चैंपियन सैयद मोदी से शादी की थी, लेकिन 1988 में सैयद मोदी की हत्‍या के बाद उन्होंने संजय सिंह से विवाह किया और फिर राजनीति में सक्रिय हुईं। 2002 में वह भाजपा तथा 2007 में कांग्रेस से अमेठी से विधायक चुनी गईं। वर्ष 2017 के चुनाव में अमेठी में संजय सिंह की पहली पत्नी गरिमा सिंह (भाजपा) और अमीता कांग्रेस की उम्मीदवार थीं।

भाजपा ने प्रदेश उपाध्यक्ष दयाशंकर सिंह को बलिया नगर से मौका दिया है। लखनऊ के सरोजनी नगर विधानसभा क्षेत्र में योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व की सरकार में महिला कल्याण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) स्वाति सिंह और उनके पति भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश उपाध्यक्ष दयाशंकर सिंह के बीच भी टिकट को लेकर खींचतान की स्थिति थी। लेकिन पार्टी ने सीट से पति-पत्नी की टिकट काट कर यहां से राजराजेश्वर को अपना उम्मीदवार बनाया। स्वाति सिंह सरोजनी नगर विधानसभा क्षेत्र से 2017 में पहली बार चुनाव जीती थीं। आज जारी सूची के अनुसार, दयाशंकर सिंह को बलिया नगर से टिकट दिया गया है। वह 2007 में भाजपा के टिकट पर यहां से चुनाव लड़ चुके हैं। बलिया नगर सीट से पिछली बार पार्टी के टिकट पर जीते संसदीय कार्य राज्य मंत्री आनन्‍द स्‍वरूप शुक्ल को पार्टी ने बलिया जिले की ही बैरिया सीट से उम्मीदवार बनाया है।

Leave a Reply

Your email address will not be published.